
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, आने वाली 10 मई 2026 को ग्रहों की स्थिति एक अशुभ योग का निर्माण कर रही है. इस दिन क्रूर ग्रह राहु और ग्रहों के राजा सूर्य एक ही राशि में गोचर करेंगे, जिससे ग्रहण योग की स्थिति बनेगी. ज्योतिषियों का मानना है कि इस युति का नकारात्मक प्रभाव कई राशि के जातकों के जीवन पर देखने को मिल सकता है.
मेष राशि: करियर में चुनौतियां
ग्रहण योग के कारण मेष राशि वालों को कार्यक्षेत्र में संभलकर रहने की जरूरत है. इस दौरान आपके बनते काम बिगड़ सकते हैं, अधिकारियों के साथ वैचारिक मतभेद होने की आशंका है. निवेश के मामलों में सावधानी बरतें, वरना आर्थिक नुकसान हो सकता है.
सिंह राशि: मान-प्रतिष्ठा पर संकट
सिंह राशि के स्वामी सूर्य हैं, इसलिए राहु के साथ उनकी युति इस राशि के लिए तनावपूर्ण रहेगी. समाज में आपकी छवि प्रभावित हो सकती है. इस अवधि में क्रोध पर नियंत्रण रखें. किसी भी बड़े निर्णय को फिलहाल टाल देना ही बेहतर होगा.
कन्या राशि: स्वास्थ्य और धन हानि
कन्या राशि के जातकों के लिए 10 मई के बाद का समय उतार-चढ़ाव भरा रह सकता है. अचानक स्वास्थ्य बिगड़ने या पुराने रोगों के उभरने की संभावना है. फिजूलखर्ची बढ़ने से बजट बिगड़ सकता है, इसलिए पैसों के लेन-देन में सतर्कता बरतें.
वृश्चिक राशि: पारिवारिक कलह के संकेत
इस अशुभ योग का असर आपके पारिवारिक जीवन पर पड़ सकता है. घर के सदस्यों के बीच तालमेल की कमी और छोटी-छोटी बातों पर विवाद होने के योग हैं. वाणी पर संयम रखें, वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें.
उपाय और सावधानी
ग्रहण योग के दुष्प्रभावों को कम करने के लिए जातकों को भगवान शिव की उपासना करनी चाहिए. 10 मई को 'ॐ नमः शिवाय' का जाप करें, आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करना शुभ फलदायी रहेगा. इसके अलावा, दान-पुण्य करने से भी ग्रहों की शांति होती है.






