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माघ पूर्णिमा के दिन न करे ये चीजें दान

माघ पूर्णिमा के दिन गंगा, यमुना और सरस्वती नदी के संगम स्थल त्रिवेणी पर स्नान करना बहुत पुण्यदायी माना जाता है. इसके अलावा, माघ पूर्णिमा के दिन दान करना भी शुभ माना जाता है. लेकिन माघ पूर्णिमा के दिन कुछ चीजों को दान करना वर्जित माना जाता है.

माघ माह की पूर्णिमा को माघी पूर्णिमा के नाम से जाना जाता है. यह दिन स्नान-दान के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है. इस बार की माघी पूर्णिमा बेहद खास मानी जा रही है, क्योंकि इस दिन महाकुंभ में पवित्र स्नान किया जाएगा. यह दिन माघ स्नान का आखिरी दिन होता है और इसी दिन कल्पवास का भी समाप्त जाता है. इस बार माघ पूर्णिमा 12 फरवरी को मनाई जाएगी. माघ महीने के दौरान कुछ भक्त एक महीने तक प्रयाग स्थित गंगा तट पर निवास करते हैं और इसे ही कल्पवास कहा जाता है.

धार्मिक दृष्टि से माघ पूर्णिमा पर स्नान, दान और जाप करना अत्यंत फलदायी माना गया है. ऐसा कहा जाता है कि माघ पूर्णिमा के दिन देवी-देवता गंगा स्नान के लिए धरती पर आते हैं. माघ पूर्णिमा के दिन कुछ चीजों का दान करना बहुत पुण्यदायी भी माना जाता है.

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लेकिन इस दिन कुछ विशेष चीजों का दान करने की मनाही होती है. अगर आप माघ पूर्णिमा के दिन इन चीजों का दान करते हैं, तो आपको कई परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. आइए जानते हैं कि माघ पूर्णिमा के दिन क्या दान नहीं करना चाहिए.

माघ पूर्णिमा के दिन नीचे बताई गई कुछ खास चीजों का दान करने से शनिदोष या चंद्रदोष लग सकता है और व्यक्ति को कई प्रकार की परेशानियां हो सकती हैं.

    माघ पूर्णिमा के दिन लोहे से बनी चीजों का दान नहीं करना चाहिए.
    माघ पूर्णिमा के दिन काले रंग के कपड़े का दान नहीं करना चाहिए.
    माघ पूर्णिमा के दिन चांदी से बनी चीजों का दान नहीं करना चाहिए.
    माघ पूर्णिमा के दिन दूध का दान भी नहीं करना चाहिए.
    माघ पूर्णिमा के दिन नमक का दान नहीं करना चाहिए.
    माघ पूर्णिमा के दिन चाकू, सुई या कैंची का दान नहीं करना चाहिए.

माघ पूर्णिमा के दिन नीचे बताई गई चीजों का दान करने से जीवन में सुख-समृद्धि और खुशहाली का आगमन होता है.

    अनाज जैसे चावल, दाल और गेहूं
    घी
    कंबल और गर्म कपड़े
    फल और सब्जियां
    मिठाई
    दूध और दही
    सफ़ेद चावल
    चंदन
    गुड़
    दीपक

 

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